Ujjain Jaora Expressway: उज्जैन से मुंबई व दिल्ली की दूरी 10 घंटे में पूरी होगी, सिंहस्थ से पहले तैयार होगा हाईवे
New Expressway Update MP: प्रयागराज में हुए भीषण सड़क हादसे से सबक लेते हुए सरकार ने उज्जैन-जावरा ग्रीन फील्ड हाइवे परियोजना को फिर से प्राथमिकता सूची में शामिल कर दिया है। लंबे समय से ठेकेदार और एमपीआरडीसी (मध्यप्रदेश रोड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन) के बीच समझौता न होने के कारण यह योजना लगभग एक वर्ष से अटकी हुई थी। अब सरकार ने मंजूरी के साथ 2418.47 करोड़ रुपए का बजट भी जारी कर दिया है। यह हाइवे उज्जैन से जावरा तक लगभग 98.650 किमी लंबा एक्सेस कंट्रोल्ड ग्रीन फील्ड मार्ग होगा। लक्ष्य यह है कि सिंहस्थ 2028 से पहले यह सड़क यात्रियों के लिए खुल सके।
उज्जैन, रतलाम व मंदसौर के बीच यात्रा का समय घटेगा
इस मार्ग के बनने से उज्जैन, रतलाम और मंदसौर के बीच यात्रा समय लगभग 40% तक घट जाएगा। उज्जैन से मुंबई और दिल्ली की दूरी भी मात्र 10 घंटे में पूरी हो सकेगी। सड़क पर 8 फ्लायओवर, 9 बड़े पुल, 26 लघु पुल और 3 रोड ओवरब्रिज बनाए जाएंगे। इसके अलावा 7 गांव सीधे इस हाइवे से जुड़ जाएंगे, जिससे स्थानीय यातायात और आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी। गौरतलब है कि ग्रीन फील्ड के लिए पहले जो टेंडर हुए थे, उसमें एल-1 ठेकेदार से अनुबंध नहीं हो पाया था। इस वजह से काम शुरू नहीं हो सका। बाद में री टेंडरिंग की प्रक्रिया करना पड़ी।
ट्रैफिक लोड बढ़ा, 2028 तक काम पूरा करने के निर्देश
प्रयागराज में सड़क निर्माण में लापरवाही के बाद हुए हादसे के बाद केंद्र व राज्य सरकार ने सभी अधूरी सड़क परियोजनाओं की सुरक्षा की समीक्षा करवाई थी। समीक्षा में पता चला कि उज्जैन-जावरा रूट पर ट्रैफिक लोड बहुत तेजी से बढ़ रहा है। इसी वजह से सरकार ने इसे टॉप प्रायोरिटी में डाल दिया। साथ ही निर्देश दिए हैं कि हर हाल में मई 2028 तक हाइवे का काम पूरा हो जाए। (Ujjain Jaora Expressway new update)