हरियाणा में निकायों की लापरवाही से खजाने को 22 करोड़ से ज्यादा की चपत
HARYANA NEWS : हरियाणा से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। बता दे की शुल्क वसूली में चूक से लेकर महंगी खरीद तक कैग की रिपोर्ट में आठ मामलों में वित्तीय नुकसान सरकार को पहुंचा है।
22 करोड़ की चपत
हरियाणा के शहरी स्थानीय निकायों की लापरवाही से सरकारी खजाने को 22 करोड़ रुपये से अधिक की चपत लगी।
कैग की तकनीकी निरीक्षण रिपोर्ट में आठ मामलों में प्रत्यक्ष वित्तीय नुकसान सामने आया है। कई मामलों में जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब भी वर्षों से लंबित हैं।
फरीदाबाद नगर निगम ने ताज विवांता होटल को दी जमीन के व्यावसायिक इस्तेमाल पर उचित शुल्क नहीं लिया, जिससे 46.54 लाख रुपये का नुकसान हुआ।
पंचकूला में दूरसंचार कंपनियों में कम शुल्क लेने पर 2.02 करोड़ और फरीदाबाद में विज्ञापन एजेंसियों से रियायत शुल्क नहीं वसूलने पर 8.09 करोड़ रुपये की हानि हुई।
13 नगरपालिकाओं ने छूट प्राप्त सेवाओं पर भी 9.40 करोड़ रुपये का जीएसटी चुकाया, जिससे खजाने पर अतिरिक्त बोझ पडा।
पंचकूला में 29. ई-कार्ट को महगी खरीद से 12.07 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च हुए
रेवाड़ी में शुल्क से 43.62 लाख का नुकशान
करनाल में बैंक गारंड़ी नहीं जब्त करने में 89.70 लाख रुपये की हानि हुई।
