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Jind News: जींद जिले में अब हर गांव और वार्ड में होगा राशन डिपो, महिलाओं को आवंटन में मिलेगी प्राथमिकता

जींद जिले में सार्वजनिक राशन वितरण प्रणाली को और अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और उपभोक्ता-अनुकूल बनाने के लिए प्रशासन ने बड़े स्तर पर कवायद शुरू कर दी है। अब जिले के प्रत्येक गांव और शहरी वार्ड में स्वतंत्र राशन डिपो खोलना अनिवार्य कर दिया गया है। इससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लाखों राशन कार्डधारकों को बड़ी राहत मिलेगी।
 
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Jind News: जींद जिले में सार्वजनिक राशन वितरण प्रणाली को और अधिक सुदृढ़, पारदर्शी और उपभोक्ता-अनुकूल बनाने के लिए प्रशासन ने बड़े स्तर पर कवायद शुरू कर दी है। अब जिले के प्रत्येक गांव और शहरी वार्ड में स्वतंत्र राशन डिपो खोलना अनिवार्य कर दिया गया है। इससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लाखों राशन कार्डधारकों को बड़ी राहत मिलेगी।

वहीं डिपो धास्क एसोसिएशन पदाधिकारियों की मानें तो विभाग के नए नियमानुसार 500 काडों पर एक डिपो खोला जा सकता है। नए नियमों के तहत अब किसी भी गांव या वार्ड को राशन के लिए किसी दूसरे गांव या पड़ोस के वार्ड से नहीं जोड़ा जाएगा। अब खाली पड़े डिपो और पिछले बैकलॉग को पूरा करने के लिए आवंटन प्रक्रिया में महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। बता दें, सरकार ने महिलाओं को कुल डिपो में से 33 प्रतिशत देने की घोषणा की हुई है। नए डिपो कहां और कितने खोले जाने हैं, इसके लिए विभाग जल्द ही जिलेभर में सर्वे कराकर रिपोर्ट मुख्यालय भेजेगा।

राशन स्टाक रखने से खराब होने का डरः एसोसिएशन

एक ही माह में दो माह का राशन वितरण गलत है। इससे कई उपभोक्ता दो बार राशन लेने के बाद भी पहुंच रहे हैं, जिससे डिपो होल्डरों की परेशानी बढ़ रही है। वहीं पीओएस मशीन के साथ कांटा अटैच करने से वितरण कार्य देरी से हो पा रहा है। पास ही कांटा रखा होने से गेहूं आदि से जो डस्ट उठती है वह मशीन में जमा होकर उसे खराब कर रही है। वहीं कोई उपभोक्ता पेंडिंग रह जाता है तो उसके लिए अगले माह में डिपो खोलना होगा। वहीं एक साथ दो माह का स्टॉक रखने की कई डिपो होल्डरों के पास जगह ही नहीं तो उन्हें म मुश्किल हो रही है। ऐसे मौसम में राशन खराब होने व घटौती होने की संभावना रहती है। अगर पंखा चलाकर बैठता है तो दस ग्राम की अकोक्रेसी सटीक नहीं आती, जिसके कारण पर्ची नहीं निकलती। अगर नहीं चलाए तो गर्मी में बगैर पंखा कैसे बैठे। उनकी मांग है कि एक बार में एक माह का ही राशन वितरण कराया जाए। मुकेश कुमार, जिला प्रधान एवं प्रदेश महासचिव, आल राशन डिपो होल्डर एसोसिएशन ।