MP News: वर्ग-1 शिक्षक भर्ती की प्रतीक्षा सूची एक साल बाद भी क्यों नहीं हुई जारी? 25 नवंबर को सरकार को हर हाल में देना होगा जवाब
MP News: उच्च माध्यमिक यानी वर्ग-1 शिक्षक भर्ती 2023 की प्रतीक्षा सूची एक साल बाद भी जारी नहीं हो पाई है। अब 25 नवंबर को सरकार को इसका जवाब हाईकोर्ट में देना ही पड़ेगा। पिछले साल 19 अक्टूबर 2024 को करीब 3 हजार उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र जारी किए गए थे। उम्मीदवारों के अनुसार ओबीसी आरक्षण मामले के कारण 13% होल्ड और बैकलॉग के पद छोड़ दिए जाने के बाद भी करीब 1 हजार पद ऐसे हैं, जिन पर वेटिंग लिस्ट जारी कर भर्ती की जा सकती थी। यह सूची
अब तक जारी नहीं हुई, जिसके बाद उम्मीदवारों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट ने पहले 6 और फिर 14 अक्टूबर को सरकार से वेटिंग लिस्ट जारी न करने का कारण पूछा, लेकिन हर बार सरकार की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया। हाल ही में 3 नवंबर को हुई सुनवाई में भी सरकार ने समय मांगा, जिस पर जस्टिस मनिंदर एस. भाटी की बेंच ने अंतिम अवसर देते हुए स्पष्ट कहा कि अब राज्य सरकार को और कोई अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा और 25 नवंबर को जवाब प्रस्तुत करना ही होगा।
400 उम्मीदवार हो गए थे भर्ती से बाहर
भर्ती के दस्तावेज सत्यापन में 163 उम्मीदवार अपात्र थे। वजह बीएड की अपूर्ण डिग्री, पीजी की डिग्री सह-विषय में अर्जित करना और स्नातक की डिग्री मूल विषय में न होना थीं। 294 ऐसे उम्मीदवार थे जिन्होंने दस्तावेज सत्यापन ही नहीं करवाया। विभाग ने इन्हें दूसरा मौका दिया। करीब 400 पद ऐसे रह गए जिन पर वेटिंग लिस्ट जारी की जानी है।
वेटिंग लिस्ट लगातार टाल रहा विभाग
उम्मीदवार धीरज सोनी के मुताबिक, विभाग वर्ग-1 शिक्षक भर्ती 2018 में कोर्ट के आदेश के पालन का हवाला देकर वेटिंग लिस्ट जारी करने में देरी कर रहा है। जबकि उस आदेश से मुश्किल से 10 से 12 पद ही प्रभावित होंगे। विभाग चाहे तो इन पदों को होल्ड पर रखकर शेष पदों की वेटिंग लिस्ट जारी कर सकता है।
