Haryana News: प्रदेश में 500 नई खेल नर्सरियां खोलने की तैयारी, निजी स्कूलों को भी मिलेगा मौका
Haryana News: हरियाणा प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को निखारने की दिशा में खेल विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। इस बार प्रदेशभर में 500 नई खेल नर्सरियां खोलने की तैयारी की गई है। इस बार खास बात यह रहेगी कि खेल नर्सरियां ओलिंपिक, एशियन व कॉमनवेल्थ खेलों में सम्मिलित चुनिंदा खेलों के लिए खोली जाएंगी। इसके लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और स्कूल व खेल अकादमियां 15 फरवरी तक आवेदन कर सकती हैं।
नई नर्सरियों के खुलने से प्रदेश में खेल नर्सरियों की संख्या बढ़कर करीब 1500 से 2000 तक पहुंच जाएंगी। इससे उभरते और उन्नत खिलाड़ियों को शुरुआती स्तर पर बेहतर प्रशिक्षण और सुविधाएं मिल सकेंगी। इसे बार निजी स्कूलों को भी मौका दिया जाएगा। पात्र आवेदनों की जांच के बाद चयन किया जाएगा और अप्रैल से प्रशिक्षण कार्य शुरू होगा। चयनित नर्सरियों में विभिन्न खेलों के लिए अनुभवी कोच नियुक्त किए जाएंगे। खिलाड़ियों को खेल किट, प्रशिक्षण सामग्री और जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। सरकार का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान कर उन्हें आगे बढ़ने का मंच देना है। अधिकारियों का मानना है कि इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार करने में मदद मिलेगी।
डाइट के लिए मिलता है प्रतिमाह भत्ता
खिलाड़ियों को डाइट के लिए प्रतिमाह अंडर-14 (8 से 14 वर्ष): 1500 रुपए और अंडर-19 (15 से 19 वर्ष) 2000 रुपए भत्ता दिया जाता है। जींद जिले में फिलहाल 68 निजी और 25 सरकारी खेल नर्सरियां संचालित हैं। बच्चों की परीक्षाओं के चलते नर्सरियां 1 फरवरी से 31 मार्च तक बंद हैं।
एक नर्सरी में 25 खिलाड़ियों का होता है चयन एक
रामपाल हुडा, जिला खेल अधिकारी, जींद ने बताया कि खेल विभाग के नियमों के अनुसार, प्रत्येक नर्सरी में 25 खिलाड़ियों का चयन किया जाता है। यदि संख्या पूरी नहीं होती, तो अतिरिक्त 5 खिलाड़ियों को शामिल किया जा सकता है। हर वर्ष ट्रायल के माध्यम से चयन किया जाता है। खेल नर्सरियों के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। 15 फरवरी अंतिम तिथि है। दस्तावेज जांच के बाद योग्य संस्थानों को नर्सरी अलॉट की जाएगी। हर साल अप्रैल से प्रशिक्षण शुरू होता है।
